नई दिल्ली. राहुल गांधी ने एक बार फिर नरेंद्र मोदी पर आड़े हाथ लिया। नगा समझौते पर किए अपने ट्वीट में राहुल ने लिखा, "मोदीजी भारत के ऐसे पहले प्रधानमंत्री हैं जिनकी बातों का कोई मतलब नहीं होता।'' 27 फरवरी को नगालैंड में असेंबली चुनाव होने हैं। गुजरात चुनाव के पहले भी राहुल ने कई ट्वीट कर मोदी से सवालों के जवाब मांगे थे।
मोदी ने इतिहास बनाने का दावा किया था
- राहुल ने #CantFindTheAccord के नाम से ट्वीट किया, "अगस्त 2015 में मोदी ने दावा किया था कि वे नगा समझौते से इतिहास बनाएंगे। फरवरी, 2018 आ गया है, इस समझौते का कहीं कोई अता-पता नहीं।''
मोदी की मौजूदगी में हुआ था नगा समझौता
- अगस्त, 2015 इस समझौते पर नई दिल्ली में मोदी की उपस्थिति में साइन किए गए थे। मोदी ने समझौते को एक ऐतिहासिक पल बताया था। केंद्र सरकार ने इसाक-मुइवा गुट के साथ समझौता किया था।
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- मोदी ने कहा था कि समझौते को होने में इसलिए इतनी देर लगी क्योंकि हम एक दूसरे को नहीं समझते थे।
- उन्होंने ब्रितानी राज पर 'फूट डालो और राज करो' की नीति के तहत नगाओं को अलग-थलग रखने का आरोप लगाया था।
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- एनएससीएन (आईएम) के नेता टी मुइवा ने समझौते पर दस्तखत करने के बाद कहा, "हम एक नए रिश्ते में दाखिल हो रहे हैं। मैं आपको विश्वास दिलाना चाहता हूं कि नगाओं पर विश्वास किया जा सकता है।''
- बता दें कि भारत के पूर्वोत्तर राज्य नगालैंड में लंबे समय से अलगाववादी आंदोलन चल रहा है और ये आंदोलन कई गुटों में बंटा है।
Source: Dainik Bhaskar
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- बता दें कि भारत के पूर्वोत्तर राज्य नगालैंड में लंबे समय से अलगाववादी आंदोलन चल रहा है और ये आंदोलन कई गुटों में बंटा है।
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